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ये पूजन विधि का ऑडियो है जो केवल आपको मंत्र करने में आंशिक सहायता करेगा। आम तौर पर पितृ पूजन सुबह या दिन के समय किया जाता है। किन्तु आज सूर्यग्रहण के कारण कुलाचार की पितृ उपासना बहुत अधिक फलदायी होती है। इसलिए रात्रि में भी संपन्न करें। कौलान्तक पीठ में भैरव भैरवियों ने पूजन संपन्न कर लिया है। कृपया कुछ पूछने में झिझकें नहीं। आप कमेंट बॉक्स में अपने प्रश्न पूछ सकते हैं।
#scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvpये पूजन विधि का ऑडियो है जो केवल आपको मंत्र करने में आंशिक सहायता करेगा। आम तौर पर पितृ पूजन सुबह या दिन के समय किया जाता है। किन्तु आज सूर्यग्रहण के कारण कुलाचार की पितृ उपासना बहुत अधिक फलदायी होती है। इसलिए रात्रि में भी संपन्न करें। कौलान्तक पीठ में भैरव भैरवियों ने पूजन संपन्न कर लिया है। कृपया कुछ पूछने में झिझकें नहीं। आप कमेंट बॉक्स में अपने प्रश्न पूछ सकते हैं। #scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp0 Kommentare 0 Geteilt 747 Ansichten 26 0 Bewertungen
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1) कुलान्त कुलाचार की पितृ उपासना में सबसे पहले पवित्रीकरण, आसन शुद्धि, अंगन्यास, गणपति ध्यान, गुरु मंडल ध्यान किया जाता है। फिर शिवलिंग या शिव विग्रह के सामने आपको 18 पत्तों को लगाना होता है। 16 पत्ते एक ओर तथा 2 पत्ते अलग से रखें। सभी पत्तों को बिछा कर उन पर पानी के छींटे दें। धूप दीप प्रज्वल्लित कर लें और सारी भोजन सामग्री पास ला कर रख लें।
#scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp1) कुलान्त कुलाचार की पितृ उपासना में सबसे पहले पवित्रीकरण, आसन शुद्धि, अंगन्यास, गणपति ध्यान, गुरु मंडल ध्यान किया जाता है। फिर शिवलिंग या शिव विग्रह के सामने आपको 18 पत्तों को लगाना होता है। 16 पत्ते एक ओर तथा 2 पत्ते अलग से रखें। सभी पत्तों को बिछा कर उन पर पानी के छींटे दें। धूप दीप प्रज्वल्लित कर लें और सारी भोजन सामग्री पास ला कर रख लें। #scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp0 Kommentare 0 Geteilt 745 Ansichten 0 Bewertungen
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2) फिर आपको सभी 18 पत्तों पर 'ॐ सर्व पितृभ्यो नम:' मंत्र बोलते हुए फलों के कटे हुए टुकड़े अर्पित करने हैं।
#scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp2) फिर आपको सभी 18 पत्तों पर 'ॐ सर्व पितृभ्यो नम:' मंत्र बोलते हुए फलों के कटे हुए टुकड़े अर्पित करने हैं। #scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp0 Kommentare 0 Geteilt 690 Ansichten 0 Bewertungen
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3) फलों के कटे हुए टुकड़ों के बाद आपको सभी 18 पत्तों पर 'ॐ सर्व पितृभ्यो नम:' मंत्र बोलते हुए रोटी के टुकड़े अथवा पूरी के टुकड़े अर्पित करने हैं।
#scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp3) फलों के कटे हुए टुकड़ों के बाद आपको सभी 18 पत्तों पर 'ॐ सर्व पितृभ्यो नम:' मंत्र बोलते हुए रोटी के टुकड़े अथवा पूरी के टुकड़े अर्पित करने हैं। #scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp0 Kommentare 0 Geteilt 703 Ansichten 0 Bewertungen
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ध्यान रहे कि धूप-दीप जल रहे हों। #scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp0 Kommentare 0 Geteilt 744 Ansichten 0 Bewertungen
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4) रोटी के टुकड़ों के बाद आपको सभी 18 पत्तों पर 'ॐ सर्व पितृभ्यो नम:' मंत्र बोलते हुए सब्जी आदि अर्पित करने हैं।
#scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp4) रोटी के टुकड़ों के बाद आपको सभी 18 पत्तों पर 'ॐ सर्व पितृभ्यो नम:' मंत्र बोलते हुए सब्जी आदि अर्पित करने हैं। #scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp6 Kommentare 0 Geteilt 698 Ansichten 1 Bewertungen
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5) इसके बाद जो भी भोज्य पदार्थ आपने बनाये हैं खीर आदि, सभी 18 पत्तों पर 'ॐ सर्व पितृभ्यो नम:' मंत्र बोलते हुए अर्पित कर दें।
#scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp5) इसके बाद जो भी भोज्य पदार्थ आपने बनाये हैं खीर आदि, सभी 18 पत्तों पर 'ॐ सर्व पितृभ्यो नम:' मंत्र बोलते हुए अर्पित कर दें। #scrolllink #ishaputra #Amavsya #Shraddh #PitruPaksha #iksvp0 Kommentare 0 Geteilt 664 Ansichten 0 Bewertungen
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